प्राथमिक विद्यालयों और जूनियर हाईस्कूलों में कार्यरत 35 हजार से अधिक शिक्षक ओपीडी में कैशलेस सुविधा से लाभान्वित होंगे।
प्रदेश के प्राथमिक विद्यालयों और जूनियर हाईस्कूलों के शिक्षकों को गोल्डन कार्ड से ओपीडी में कैशलेस इलाज की सुविधा मिल सकती है। प्राथमिक शिक्षा निदेशालय इसके लिए शासन को प्रस्ताव भेजेगा।
शिक्षा महानिदेशक झरना कमठान ने विभागीय अधिकारियों को इस संबंध में निर्देश दिए हैं। प्रस्ताव को मंजूरी मिली तो प्राथमिक विद्यालयों और जूनियर हाईस्कूलों में कार्यरत 35 हजार से अधिक शिक्षक लाभान्वित होंगे। शिक्षकों को गोल्डन कार्ड पर अस्पताल में भर्ती होने पर ही कैशलेस इलाज की सुविधा मिलती है।
जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ के प्रांतीय अध्यक्ष विनोद थापा के मुताबिक इलाज के लिए पैनल में कई अस्पताल हैं, लेकिन कुछ अस्पतालों में गोल्डन कार्ड होने के बावजूद इलाज की सुविधा नहीं मिल रही। कुछ में स्वास्थ्य संबंधी पर्याप्त सुविधाएं नहीं हैं
गोल्डन कार्ड से इलाज के नाम पर शिक्षकों के ग्रेड वेतन से हर महीने 10 फीसदी की कटौती की जा रही है। थापा ने कहा, शिक्षक संगठन इस मसले पर शिक्षा महानिदेशक झरना कमठान से मिल चुका है। संगठन का कहना है कि शिक्षकों को ओपीडी के पर्चे से लेकर भर्ती होने तक इलाज का पूरा खर्च गोल्डन कार्ड के माध्यम से कैशलेस होना चाहिए।

More Stories
चारधाम यात्रा के मद्देनजर ग्राउंड जीरो पर उतरे मुख्यमंत्री, रुद्रप्रयाग से गुप्तकाशी तक सड़क मार्ग से किया यात्रा मार्ग का निरीक्षण
डॉ. अंबेडकर जयंती पर भाजपा कार्यालय में कार्यशाला, मुख्यमंत्री धामी ने दी श्रद्धांजलि
अगले एक साल में पूरे होंगे राज्य के कई महत्वपूर्ण इंफ्रा प्रोजेक्ट – मुख्यमंत्री, राज्य में सुधरेगी कनेक्टिविटी, पयर्टन, तीर्थाटन को मिलेगी अभूतपूर्व गति